देशभर में करोड़ों परिवार रसोई गैस यानी एलपीजी सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं। लेकिन कई बार सिलेंडर के गुम होने या चोरी होने की घटनाएं भी सामने आती हैं। ऐसे में उपभोक्ताओं के मन में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि क्या सिलेंडर खोने पर गैस कनेक्शन भी बंद हो जाएगा और नया सिलेंडर कैसे मिलेगा।
गैस कंपनियों के नियमों के मुताबिक, एलपीजी सिलेंडर चोरी या गुम होने पर उपभोक्ता का गैस कनेक्शन रद्द नहीं किया जाता। हालांकि, इसके लिए कुछ जरूरी प्रक्रियाओं और दस्तावेजी औपचारिकताओं को पूरा करना पड़ता है।
यदि आपका सिलेंडर चोरी हो जाता है या कहीं गुम हो जाता है, तो सबसे पहले नजदीकी पुलिस स्टेशन में इसकी शिकायत दर्ज करानी चाहिए। शिकायत के दौरान सिलेंडर पर दर्ज यूनिक नंबर की जानकारी देना बेहद जरूरी होता है, क्योंकि इसी के आधार पर सिलेंडर की पहचान की जाती है।
इसके बाद उपभोक्ता को अपनी गैस एजेंसी को घटना की जानकारी लिखित रूप में देनी होती है। इसके साथ ओरिजिनल सब्सक्रिप्शन वाउचर, कनेक्शन धारक का पहचान पत्र और पुलिस में दर्ज कराई गई एफआईआर की कॉपी भी जमा करनी पड़ती है।
सिलेंडर गुम होने की स्थिति में गैस कंपनी उपभोक्ता से जुर्माना या अतिरिक्त सुरक्षा राशि भी ले सकती है। आमतौर पर यह राशि 1,000 रुपये से 3,000 रुपये के बीच हो सकती है। हालांकि, अंतिम रकम इस बात पर निर्भर करती है कि सिर्फ सिलेंडर खोया है या उसके साथ रेगुलेटर भी गायब हुआ है।
सभी जरूरी दस्तावेजों की जांच और निर्धारित शुल्क जमा होने के बाद गैस एजेंसी उपभोक्ता को नया सिलेंडर जारी कर देती है। ऐसे में सिलेंडर खोने या चोरी होने की स्थिति में घबराने के बजाय तुरंत पुलिस और गैस एजेंसी को सूचना देना सबसे जरूरी कदम माना जाता है।