जालंधर: शहर के नकोदर रोड स्थित ग्लोबल अस्पताल के पास हुए सड़क हादसे में दो युवतियों की सूझबूझ और हिम्मत ने एक बुजुर्ग की जिंदगी बचाने में अहम भूमिका निभाई। स्कूटी पर जा रहे बुजुर्ग को एक तेज रफ्तार कार ने टक्कर मार दी, जिससे वह सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद बुजुर्ग कुछ देर तक बेहोशी की हालत में पड़े रहे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक उनकी सांसें बेहद धीमी हो गई थीं और हालत लगातार बिगड़ रही थी। मौके पर मौजूद लोग एंबुलेंस का इंतजार कर रहे थे, तभी वहां मौजूद दो युवतियां तुरंत सहायता के लिए आगे आईं।
दोनों ने बिना घबराए घायल की नब्ज और सांसों की स्थिति जांची तथा प्राथमिक चिकित्सा के तहत CPR देना शुरू कर दिया। लगातार चेस्ट कम्प्रेशन करने के कुछ मिनट बाद बुजुर्ग ने प्रतिक्रिया देना शुरू किया और उनकी सांसें धीरे-धीरे सामान्य होने लगीं। इसके बाद पहुंची मेडिकल टीम ने घायल को तुरंत अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया। चिकित्सकों के अनुसार, समय पर दिए गए CPR से मरीज की जान बचाने में काफी मदद मिली।
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने दोनों युवतियों की बहादुरी और मानवीय संवेदनशीलता की सराहना की। लोगों का कहना है कि अगर समय पर प्राथमिक उपचार नहीं मिलता, तो हादसा जानलेवा साबित हो सकता था। यह घटना आपातकालीन स्थिति में CPR जैसी जीवनरक्षक तकनीक की उपयोगिता का एक प्रेरणादायक उदाहरण बन गई।